खुद चलकर अस्पताल पहुंची थी रुकसाना, ऑपरेशन के बाद बिगड़ी हालत
हंसेरा निवासी रुकसाना बानो पत्नी इकबाल उस्ता को पित्त की थैली में पथरी की शिकायत के चलते परिजन दो दिन पहले निजी अस्पताल लेकर पहुंचे थे। मृतका के भांजे मोनू उस्ता के मुताबिक, रुकसाना अस्पताल में खुद चलकर आई थी। चिकित्सकों ने जांच के बाद उसका ऑपरेशन किया और पथरी निकाल दी। परिजनों का आरोप है कि मंगलवार से ही डॉक्टर उसकी हालत गंभीर बता रहे थे, लेकिन इसके बावजूद उसे किसी बड़े अस्पताल में रेफर नहीं किया गया। बुधवार रात महिला की मौत हो गई।
मौत के बाद फाइल नहीं मिलने से बढ़ा परिजनों का गुस्सा
महिला की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन से मरीज की मेडिकल फाइल मांगी। आरोप है कि अस्पताल की ओर से उन्हें फाइल उपलब्ध नहीं कराई गई। कभी फाइल इधर-उधर होने तो कभी कोई दूसरा कारण बताया गया। इससे परिजनों की नाराजगी बढ़ गई और उन्होंने आशंका जताई कि फाइल में बाद में बदलाव किया जा सकता है। इसके बाद अस्पताल परिसर में करीब 100 से 150 लोग जमा हो गए और देखते ही देखते हंगामे की स्थिति बन गई।
5 छोटी बच्चियों की मां थी रुकसाना, डॉक्टर से हुई मारपीट
रुकसाना पांच छोटी बच्चियों की मां थी। उसकी मौत के बाद गुस्साए परिजनों ने अस्पताल में हंगामा करते हुए डॉक्टर डॉ. तनवीर मालावत के साथ मारपीट कर दी। मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर डॉक्टर को बचाया। परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर इलाज में गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। हालांकि, क्या महिला की मौत वास्तव में इलाज में लापरवाही के कारण हुई या इसके पीछे कोई अन्य चिकित्सकीय वजह थी, यह जांच पूरी होने के बाद ही साफ हो पाएगा।