वेब सीरीज ‘फर्जी’ देखकर नकली नोट छापने का आइडिया आया और फिर शुरू हुआ जाली नोटों का खेल!राजस्थान के डूंगरपुर में किराए के मकान में नकली नोटों की मिनी फैक्ट्री चलाने का खुलासा हुआ है। पुलिस के मुताबिक, गिरोह ने पहली खेप में 5 लाख रुपये के जाली नोट सप्लाई किए थे। मामले की जांच करते हुए डूंगरपुर पुलिस ने चार राज्यों में छापेमारी कर छह आरोपियों को गिरफ्तार किया। इस कार्रवाई में कथित मास्टरमाइंड रवि मिश्रा को पंजाब के लुधियाना रेलवे स्टेशन से पकड़ा गया। उसे गिरफ्तार करने के लिए पुलिस ने तीन दिन में करीब 1300 किलोमीटर तक पीछा किया। अब पुलिस गिरोह के पूरे नेटवर्क और जाली नोटों की सप्लाई से जुड़े अन्य लोगों की जांच कर रही है।
वेब सीरीज से आया आइडिया, फिर शुरू किया नकली नोटों का खेल
वेब सीरीज ‘फर्जी’ देखकर जाली नोट छापने का आइडिया आया और फिर इंटरनेट पर जानकारी जुटाकर नकली नोटों का कारोबार शुरू कर दिया। राजस्थान के डूंगरपुर में एक किराए के मकान में मिनी फैक्ट्री बनाकर जाली नोट छापे जाने का मामला सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, गिरोह ने पहली खेप में 5 लाख रुपये के जाली नोट सप्लाई किए थे। मामले की जांच के बाद पुलिस ने गिरोह के मास्टरमाइंड समेत छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
चीन से मंगवाया रॉ-मटेरियल, किराए के मकान में तैयार किए नकली नोट
पुलिस जांच में सामने आया कि अंबाला निवासी आनंद राजपूत ने वर्ष 2023 में वेब सीरीज ‘फर्जी’ देखने के बाद जाली नोट छापने की योजना बनाई। इसके लिए उसने इंटरनेट पर जानकारी जुटाई और चीन की अलीबाबा ई-कॉमर्स एप के जरिए नोट छापने का रॉ-मटेरियल मंगवाया। इसी दौरान सोशल मीडिया के जरिए आनंद की मुलाकात रवि मिश्रा से हुई। आरोप है कि आनंद ने नोट छापने वाला पेपर रवि के पास भिजवाया, लेकिन रवि ने उसे जाली नोटों के बजाय कागज के टुकड़े भेज दिए और बाद में ब्लॉक कर दिया।
25 दिन तक जांच, चार राज्यों में छापेमारी
डूंगरपुर पुलिस को 29 सितंबर को सूचना मिली थी कि रामसागड़ा में भारी मात्रा में जाली नोट सप्लाई किए जाने वाले हैं। इसके बाद पुलिस ने जांच और आरोपियों की तलाश शुरू की। करीब 25 दिन तक चली कार्रवाई के दौरान पुलिस ने चार राज्यों में छापेमारी की और छह आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपियों के पास से जाली नोट, प्रिंटर, नोट गिनने की मशीन, लेमिनेशन मशीन, लैपटॉप, 9 मोबाइल फोन और अन्य सामग्री जब्त की है।
लुधियाना रेलवे स्टेशन से मास्टरमाइंड गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक, गिरोह का कथित मास्टरमाइंड रवि कुमार मिश्रा उर्फ आशीष मिश्रा वारदात के बाद मोबाइल बंद कर फरार हो गया था। पुलिस ने उसका पीछा करते हुए पंजाब के लुधियाना रेलवे स्टेशन से उसे गिरफ्तार किया। आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने तीन दिन में करीब 1300 किलोमीटर तक पीछा किया। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि गिरोह ने अब तक कितने जाली नोट छापे और किन-किन जगहों पर उनकी सप्लाई की।
गिरफ्तार आरोपी
रवि कुमार मिश्रा उर्फ आशीष मिश्रा: कथित मास्टरमाइंड, प्रतापगढ़ (उत्तर प्रदेश)
आनंद राजपूत उर्फ पुष्कर उर्फ डॉ. करण: अंबाला कैंट
मोहम्मद आरिफ: पेपर सप्लायर, कानपुर
तरुण मालेकर:कथित तौर पर PSD फाइल भेजने वाला, दुर्ग (छत्तीसगढ़)
भावेश खटीक: जाली नोट सप्लाई करने का आरोपी
नयन जोशी: जाली नोट सप्लाई करने का आरोपी
पुलिस अब गिरोह के नेटवर्क, जाली नोटों की सप्लाई और पूरे कारोबार में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।