राजस्थान में पंचायती राज चुनाव को लेकर राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी ने तैयारियां तेज कर दी हैं। हनुमान बेनीवाल की अध्यक्षता में जयपुर में हुई चुनाव समिति की बैठक में अकेले चुनाव लड़ने और जल्द प्रत्याशियों की पहली सूची जारी करने को लेकर मंथन हुआ।
अकेले चुनाव मैदान में उतरेगी RLP
राजस्थान में आगामी पंचायती राज चुनावों को लेकर सियासी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के साथ अब राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) ने भी अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। पार्टी प्रमुख और नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल की अध्यक्षता में जयपुर में प्रदेश स्तरीय चुनाव समिति की बैठक आयोजित हुई। इसमें पार्टी ने पंचायत समिति और जिला परिषद चुनाव अपने दम पर लड़ने का फैसला किया।
बैठक में अधिक से अधिक सीटों पर प्रत्याशी उतारने और ग्रामीण क्षेत्रों में संगठन को मजबूत बनाने की रणनीति पर चर्चा की गई। पार्टी की ओर से प्रत्याशियों की पहली सूची जल्द जारी किए जाने की तैयारी है।
पहली सूची में किसे मिलेगा टिकट?
पंचायत चुनाव के लिए RLP ने संभावित उम्मीदवारों से आवेदन और बायोडाटा लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिला प्रभारियों और स्थानीय कमेटियों के स्तर पर नामों पर चर्चा की जा रही है। पंचायत समिति और जिला परिषद सदस्यों के टिकट वितरण को लेकर जिलावार मंथन किया जा रहा है।
पार्टी में सक्रियता, संगठन के प्रति निष्ठा और जनसेवा से जुड़े कार्यकर्ताओं को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया है। अब सबकी नजरें प्रत्याशियों की पहली सूची पर टिकी हैं, जिससे पार्टी की चुनावी रणनीति की तस्वीर और स्पष्ट हो सकती है।
बूथ स्तर तक संगठन मजबूत करने की तैयारी
बैठक में संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने पर विशेष जोर दिया गया। पार्टी के प्रदेश प्रभारी एवं पूर्व मंत्री दिलीप चौधरी ने बताया कि कार्यकर्ताओं के साथ लगातार बैठकें की जा रही हैं। ओसियां, जैतारण और लूणकरणसर सहित विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में संगठनात्मक गतिविधियों को गति दी जा रही है।
हनुमान बेनीवाल ने जिला प्रभारियों, सह-प्रभारियों और चुनाव समिति के सदस्यों को कार्यकर्ताओं के साथ संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए। पार्टी का लक्ष्य ग्रामीण क्षेत्रों में अपनी संगठनात्मक पकड़ बढ़ाना और चुनावी तैयारियों को मजबूत करना है।
किसान, युवा और ग्रामीण मुद्दों पर रहेगा फोकस
RLP की चुनावी रणनीति में किसान, युवा और महिलाओं से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता देने की तैयारी है। पार्टी ग्रामीण क्षेत्रों में स्थानीय समस्याओं को उठाकर मतदाताओं तक पहुंचने की योजना बना रही है।
पार्टी पंचायत चुनाव में अपने संगठन का विस्तार करने और ग्रामीण राजनीति में अपनी भूमिका मजबूत करने की कोशिश करेगी। अकेले चुनाव लड़ने के फैसले के बाद अब प्रत्याशियों के चयन और क्षेत्रवार चुनावी रणनीति पर सबकी नजर रहेगी।
पिछले पंचायत चुनाव में कैसा रहा था RLP का प्रदर्शन?
राजस्थान के पिछले पंचायती राज चुनावों में भी RLP ने कई क्षेत्रों में अपनी मौजूदगी दर्ज कराई थी। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, पार्टी ने पंचायत समिति सदस्य की 101 सीटों और जिला परिषद सदस्य की 10 सीटों पर जीत हासिल की थी।
नागौर और बाड़मेर जैसे क्षेत्रों में पार्टी ने स्थानीय राजनीतिक समीकरणों में अहम भूमिका निभाई थी। आगामी चुनाव में पार्टी अपने पिछले प्रदर्शन को आधार बनाकर संगठन को मजबूत करने और अधिक सीटों पर प्रत्याशी उतारने की तैयारी में है।
अब देखना होगा कि RLP की पहली प्रत्याशी सूची कब जारी होती है और पार्टी किन क्षेत्रों में अपना चुनावी अभियान सबसे पहले तेज करती है।